नई दिल्ली — 26 सितंबर 2026 को संयुक्त राष्ट्र महासभा के 81वें सत्र में भारत के प्रतिनिधिमंडल ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शेख़बाज़ श
भारत ने लंबे समय से पाकिस्तान पर भारतीय धरती पर हमले करने वाले उग्रवादी समूहों को समर्थन देने का आरोप लगाया है। 2024 में, भारतीय सरकार ने अंतर्राष्ट्रीय न्यायालय में पाकिस्तान के खिलाफ एक मामला दायर किया, यह दावा करते हुए कि वह अपने क्षेत्र का उपयोग आतंकवादी हमलों के प्रक्षेपण के लिए रोकने में विफल रहा। संयुक्त राष्ट्र ने भी इस मुद्दे को उठाया है, कई प्रस्तावों के साथ जो सीमा‑पार आतंकवाद पर प्रतिबंध की मांग करते हैं।
वर्तमान संयुक्त राष्ट्र महासभा सत्र में, भारत के प्रतिनिधिमंडल ने आतंकवाद के खतरे के प्रति सामूहिक अंतर्राष्ट्रीय प्रतिक्रिया की आवश्यकता पर प्रकाश डाला। प्रतिनिधिमंडल ने सभा से पाकिस्तान द्वारा कथित रूप से उग्रवादी समूहों को समर्थन देने की निंदा करने वाला प्रस्ताव अपनाने और ऐसी गतिविधियों को सुविधाजनक बनाने वाले व्यक्तियों व संस्थाओं पर प्रतिबंध लगाने का आग्रह किया।
सत्र के बाद जारी किए गए एक बयान में पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने कहा कि वह “अंतर्राष्ट्रीय समुदाय के साथ सहयोग जारी रखेगा” ताकि सुरक्षा संबंधी चिंताओं का समाधान किया जा सके और वह “भारत के साथ आतंकवाद विरोधी उपायों में सहयोग करने के लिए तैयार” है। इस बयान में पाकिस्तान की इण्डस जल संधि के प्रति प्रतिबद्धता और कश्मीर मुद्दे पर संवाद में भाग लेने की उसकी इच्छा पर भी बल दिया गया।
दोनों पक्षों ने अपने मतभेदों के शांतिपूर्ण समाधान के प्रति प्रतिबद्धता का पुनः उल्लेख किया है, परन्तु संयुक्त राष्ट्र महासभा सत्र ने दोनों देशों के बीच अभी भी मौजूद गहरी अविश्वास को उजागर किया। भारत की यह चेतावनी कि आतंकवाद के परिणाम होंगे, पाकिस्तान को अपने क्षेत्र से संचालित उग्रवादी समूहों की गतिविधियों को रोकने के लिए ठोस कदम उठाने के दबाव में एक व्यापक रणनीति का हिस्सा है।
प्राथमिक स्रोत एवं आधिकारिक दस्तावेज़
- India criticises Pakistan’s ‘falsehoods’ and ‘deceit’ at UN; warns terrorism will have con
- Terrorism will have consequences: India warns Pak PM at UNGA – Rediff
- India hits back at Sharif’s remarks on Indus Treaty, Kashmir: New Delhi calls out Pakistan
- ‘Pakistan’s terrorism will have consequences’: India responds to PM Sharif’s UN speech – M